कोरोना संक्रमण से ठीक होने के बाद भी करना होगा कोविड-19 के नियमों का पालन
- बढ़ती सर्दी व कोरोना को देखते हुए लोगों को पूर्व की अपेक्षा अधिक सतर्क रहने की जरूरत
- उचित खानपान और योग-व्यायाम के माध्यम से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता का करें विकास
By amit singh
M v online bihar news/बक्सर, 14 दिसंबर- जिले में कोरोना वायरस के संक्रमण का प्रसार भले ही कम हो गया हो लेकिन, अभी भी हमें और सतर्क रहना होगा। गत दिनों शादी विवाह का सीजन समाप्त हुआ है जिसके कारण शहरी व ग्रामीण इलाकों में लोगों की भीड़ जुटी। ऐसे में संभावित खतरे को देखते हुए जिला स्वास्थ्य समिति ने संक्रमण से लड़ने की तैयारी कर रखी है। वहीं, जिला प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग विभिन्न माध्यमों से लोगों को नियमों के पालन को लेकर जागरूक करने में लगा हुआ है। इस संबंध में प्रभारी अपर मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी (एसीएमओ) डॉ. नरेश कुमार ने बताया, फिलहाल मौसम में तेजी से बदलाव हो रहा है। ऐसे में किसी भी प्रकार की लापरवाही ठीक नहीं है। कोरोना से बचने के लिए आम लोग तो सावधानी बरतें ही, लेकिन जो लोग ठीक हो चुके हैं वह भी सावधान रहें। लापरवाह रहने पर दोबारा कोरोना की चपेट में आ सकते हैं।
दिनचर्या और खानपान के तरीकों में लाना होगा बदलाव :
डॉ. कुमार ने बताया सर्दी के मौसम और संक्रमण की संभावना को देखते हुए लोगों को और भी सावधान होने की जरूरत है। इसके लिए सबसे जरूरी है दिनचर्या और खानपान में बदलाव कर अपने और अपने परिवार के लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाई जाए। इस क्रम में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए घरेलू उपाय सबसे कारगर साबित हो सकते हैं। साथ ही, स्वास्थ्य विभाग की गाइडलाइन का पालन भी करें। कोरोना से ठीक हो चुके लोगों के साथ सभी लोगों के लिए जरूरी है कि वह पर्याप्त मात्रा में नींद लें। शरीर को आराम दें और खाने पीने में सतर्क रहें। मौसमी फल, दूध और हरी सब्जी का सेवन करें। साथ ही पानी को उबालकर पीने की कोशिश करें। इसके अलावा घर में योग और व्यायाम कर सेहत में सुधार लाने की दिशा में प्रयासरत रहें। जिससे लोगों करी प्रतिरोधक क्षमता का विकास होगा।
समय-समय पर करानी होगी एंटीबॉडी टेस्ट :
डॉ. कुमार ने बताया अगर लोग नियमित तौर पर रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने पर ध्यान नहीं दे रहे हैं तो है, तो उन्हें नियमित अंतराल पर अपनी एंटीबॉडी टेस्ट करा लेनी चाहिए। इससे आपको पता चल जाएगा कि उनका शरीर कोरोना वायरस व अन्य बीमारियों से लड़ने में कितना सक्षम है। जिस तरह की रिपोर्ट आती है उसके हिसाब से वह सावधानी बरतना शुरू कर दें। कोरोना से ठीक होने के बाद कुछ दिनों तक एंटीबॉडी रहती है, इसके बाद कमजोर पड़ने लगती है। इसलिए नियमित तौर पर एंटीबॉडी टेस्ट करा लें जब तक कोरोना की दवा नहीं निकल जाती है।
कोविड-19 के इन नियमों का रखें विशेष ख्याल :
- व्यक्तिगत स्वच्छता और 6 फीट की शारीरिक दूरी बनाए रखें।
- बार-बार हाथ धोने की आदत डालें।
- साबुन और पानी से हाथ धोएं या अल्कोहल आधारित हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें।
- छींकते और खांसते समय अपनी नाक और मुंह को रूमाल या टिशू से ढंके।
- उपयोग किए गए टिशू को उपयोग के तुरंत बाद बंद डिब्बे में फेंके।
- घर से निकलते समय मास्क का इस्तेमाल जरूर करें।

